Safar Songtext
von Mitraz
Safar Songtext
सफ़र में दुआओं तुम साथ देना
मंज़िल है उनकी तू ही
शहर में ग़ैरों के यूँ अनजान सा
भटके क्यूँ तेरा राही?
ना था मोहब्बतों से वास्ता
तूने ही रास्ता है बनाया
ना थी जो दिल में मेरे रोशनी
यारा, तूने ये घर सजाया
ज़िंदगी है दो पल की, ओ, यारों
ख़्वाहिश के मेले में गुम ना हो जाओ
कोई है जो तेरा इंतज़ार कर रहा
सुन ले ज़रा, है बादलों में आवाज़ जो
सफ़र में दुआओं तुम साथ देना
मंज़िल है उनकी तू ही
शहर में ग़ैरों के यूँ अनजान सा
भटके क्यूँ तेरा राही?
ना था मोहब्बतों से वास्ता
तूने ही रास्ता है बनाया
ना थी जो दिल में मेरे रोशनी
यारा, तूने ये घर सजाया
ना था मोहब्बतों से वास्ता
तूने ही रास्ता है बनाया
ना थी जो दिल में मेरे रोशनी
यारा, तूने ये घर सजाया
मंज़िल है उनकी तू ही
शहर में ग़ैरों के यूँ अनजान सा
भटके क्यूँ तेरा राही?
ना था मोहब्बतों से वास्ता
तूने ही रास्ता है बनाया
ना थी जो दिल में मेरे रोशनी
यारा, तूने ये घर सजाया
ज़िंदगी है दो पल की, ओ, यारों
ख़्वाहिश के मेले में गुम ना हो जाओ
कोई है जो तेरा इंतज़ार कर रहा
सुन ले ज़रा, है बादलों में आवाज़ जो
सफ़र में दुआओं तुम साथ देना
मंज़िल है उनकी तू ही
शहर में ग़ैरों के यूँ अनजान सा
भटके क्यूँ तेरा राही?
ना था मोहब्बतों से वास्ता
तूने ही रास्ता है बनाया
ना थी जो दिल में मेरे रोशनी
यारा, तूने ये घर सजाया
ना था मोहब्बतों से वास्ता
तूने ही रास्ता है बनाया
ना थी जो दिल में मेरे रोशनी
यारा, तूने ये घर सजाया
Writer(s): Pratik Singh, Anmol Ashish Lyrics powered by www.musixmatch.com
