Mehroom Songtext
von Mitraz
Mehroom Songtext
जहाँ भी रहूँ तेरा ही रहूँ
खोता जहाँ तो खो जाने दूँ
जहाँ भी रहूँ तेरा ही रहूँ
तेरी ही मैं राहें चुनूँ
महरूम हैं तेरे नायाब इश्क़ से
तेरा नूर है जो ले चल रहा मुझे
क़ाफ़िला गुम सा है तूफ़ानों में
बह जाने दे प्यार को आँसुओं में
महरूम हैं तेरे नायाब इश्क़ से
तेरा नूर है जो ले चल रहा मुझे
क़ाफ़िला गुम सा है तूफ़ानों में
बह जाने दे प्यार को आँसुओं में
दिल खो गया है तेरी ही गलियों में
गुम सा गया है ख़्वाबों के शहर में
आँसू ये मेरे हो गए हैं सूने
मैं जी रहा हूँ तेरी ही साँसों से
चाहूँ बस मैं तेरी रज़ा, हो आसमाँ ज़मीं पे
घायल ज़माने से दिल, है आसरा तुझी पे
ख़्वाबों में जो साया दिखा, हर ओर वो तू ही है
घायल ज़माने से दूर, आहट कहीं सुनी है
(महरूम हैं...)
(क़ाफ़िला...)
खोता जहाँ तो खो जाने दूँ
जहाँ भी रहूँ तेरा ही रहूँ
तेरी ही मैं राहें चुनूँ
महरूम हैं तेरे नायाब इश्क़ से
तेरा नूर है जो ले चल रहा मुझे
क़ाफ़िला गुम सा है तूफ़ानों में
बह जाने दे प्यार को आँसुओं में
महरूम हैं तेरे नायाब इश्क़ से
तेरा नूर है जो ले चल रहा मुझे
क़ाफ़िला गुम सा है तूफ़ानों में
बह जाने दे प्यार को आँसुओं में
दिल खो गया है तेरी ही गलियों में
गुम सा गया है ख़्वाबों के शहर में
आँसू ये मेरे हो गए हैं सूने
मैं जी रहा हूँ तेरी ही साँसों से
चाहूँ बस मैं तेरी रज़ा, हो आसमाँ ज़मीं पे
घायल ज़माने से दिल, है आसरा तुझी पे
ख़्वाबों में जो साया दिखा, हर ओर वो तू ही है
घायल ज़माने से दूर, आहट कहीं सुनी है
(महरूम हैं...)
(क़ाफ़िला...)
Writer(s): Pratik Singh, Anmol Ashish Lyrics powered by www.musixmatch.com
