Bismillah Songtext
von Anupam Amod
Bismillah Songtext
चाँद ज़मीं पे आया है, तू हाथ उठा कर بسم الله
इसे दिल में तू भर ले, नज़रों से कर ले بسم الله
चाँद ज़मीं पे आया है, तू हाथ उठा कर بسم الله
इसे दिल में तू भर ले, नज़रों से कर ले بسم الله
तू मिला तो रब है मिला
दिल का मेरे तू ही गवाह
तू गुज़ारा, तू इशारा
तू ही है आबरू
اللهُ، اللهُ
اللهُ، اللهُ
क्या है मसला? दिल क्यूँ फिसला?
आज तक तो मेरा था
तुझको देखे ऐसे धड़के
जैसे हरदम तेरा था
हश्र राँझा मेरा था, हश्र राँझा मेरा था
इश्क़ का सदका, कर दिल मिला के بسم الله
तू मिला तो रब है मिला
दिल का मेरे तू ही गवाह
तू गुज़ारा, तू इशारा
तू ही है आबरू
اللهُ، اللهُ
اللهُ، اللهُ
चाँदनी बिन चाँद भी क्या देखने की चीज़ है!
तेरे बिन मैं हूँ अधूरा, दिल तेरा मरीज़ है
तू मुझे अज़ीज़ है, तू मुझे अज़ीज़ है
हो, रातों में शामिल तू, दिन शुरू कर بسم الله
इसे दिल में तू भर ले, नज़रों से कर ले بسم الله
तू मिला तो रब है मिला
दिल का मेरे तू ही गवाह
तू गुज़ारा, तू इशारा
तू ही है आबरू
اللهُ، اللهُ
اللهُ، اللهُ
इसे दिल में तू भर ले, नज़रों से कर ले بسم الله
चाँद ज़मीं पे आया है, तू हाथ उठा कर بسم الله
इसे दिल में तू भर ले, नज़रों से कर ले بسم الله
तू मिला तो रब है मिला
दिल का मेरे तू ही गवाह
तू गुज़ारा, तू इशारा
तू ही है आबरू
اللهُ، اللهُ
اللهُ، اللهُ
क्या है मसला? दिल क्यूँ फिसला?
आज तक तो मेरा था
तुझको देखे ऐसे धड़के
जैसे हरदम तेरा था
हश्र राँझा मेरा था, हश्र राँझा मेरा था
इश्क़ का सदका, कर दिल मिला के بسم الله
तू मिला तो रब है मिला
दिल का मेरे तू ही गवाह
तू गुज़ारा, तू इशारा
तू ही है आबरू
اللهُ، اللهُ
اللهُ، اللهُ
चाँदनी बिन चाँद भी क्या देखने की चीज़ है!
तेरे बिन मैं हूँ अधूरा, दिल तेरा मरीज़ है
तू मुझे अज़ीज़ है, तू मुझे अज़ीज़ है
हो, रातों में शामिल तू, दिन शुरू कर بسم الله
इसे दिल में तू भर ले, नज़रों से कर ले بسم الله
तू मिला तो रब है मिला
दिल का मेरे तू ही गवाह
तू गुज़ारा, तू इशारा
तू ही है आबरू
اللهُ، اللهُ
اللهُ، اللهُ
Writer(s): Rajat Arora Lyrics powered by www.musixmatch.com

