Noor Songtext
von Amitabh Bachchan
Noor Songtext
ज़र्रे-ज़र्रे में उसीका नूर है
झांक ख़ुद में, वो ना तुझसे दूर है
इश्क़ है उससे तों सबसे इश्क़ कर
इश्क़ है उससे तों सबसे इश्क़ कर
इस इबादत का यही दस्तूर है
इसमें, उसमें और उसमें है वोही
इसमें, उसमें और उसमें है वोही
यार मेरा हर तरफ़ भरपूर है
झांक ख़ुद में, वो ना तुझसे दूर है
इश्क़ है उससे तों सबसे इश्क़ कर
इश्क़ है उससे तों सबसे इश्क़ कर
इस इबादत का यही दस्तूर है
इसमें, उसमें और उसमें है वोही
इसमें, उसमें और उसमें है वोही
यार मेरा हर तरफ़ भरपूर है
Writer(s): Prasoon Joshi Lyrics powered by www.musixmatch.com
